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लॉकडाउन में भी  फार्मर्ट कंपनी के द्वारा हो रही वसूली किसान परेशान
May 19, 2020 • Brajesh Kumar Mourya • उत्तर प्रदेश

फार्माट कंपनी बिना लाइसेंस धारक दुकानदारों से बंटवाया खाद बीज दवा

हरदोई।(अयोध्या टाइम्स)हरदोई  में फार्मर्ट कंपनी के द्वारा बिना लाइसेंस धारक दुकानदारों से खाद बीज दवा लोन पर वितरण करवाया गया था ।जिसके पश्चात कोविड-19 कोरो ना वायरस महामारी के आगमन से पूरे देश में सरकार के द्वारा लाख डाउन घोषित कर दिया गया और सभी प्रकार की वसूली बंद करने के निर्देश दिए गए लेकिन सरकार के निर्देशों को ताक पर रखते हुए फार्माट कंपनी के कर्मचारियों के द्वारा लगातार किसानों से दिया गया लोन वसूली की जा रही है जिससे किसान बेहद परेशान है

प्राप्त जानकारी के अनुसार फार्माट कंपनी के द्वारा सरकारी मानक से अधिक दर पर किसानों को शूद खोरी कर्ज देकर कर्जदार बनाया गया जिसकी वसूली लॉक डाउन में शुरू कर दी गई किसानों की फसल दैवी आपदा से क्षतिग्रस्त होने से तथा महामारी के चलते समस्त आय के स्रोत ठप हो जाने से अब 1 जून के भोजन के संकट खड़े होते जा रहे हैं ऐसे में कंपनी के द्वारा दिया गया कर्ज वसूल किया जाना किसानों के लिए भारी पड़ रहा है जिसकी शिकायत किसानों ने अपर जिलाधिकारी से की अपर जिलाधिकारी ने  डीडी एग्रीकल्चर अधिकारी को जांच करने के निर्देश दिए
अपर जिला अधिकारी को दिए गए प्रार्थना पत्र में  राम रानी पत्नी रामनरेश  निवासी ग्राम करीमनगर थाना बघौली ने कंपनी पर गंभीर आरोप लगाए है। महिला ने बताया कि फामार्ट कंपनी से कृषि कार्य हेतु 15000 रुपये की केसीसी बनाई थी जिसमें वार्षिक मेंबरशिप 1550 रुपये तय हुई थी और सरकारी रेट पर खाद बीज उपलब्ध कराने का वादा किया था और मेरे द्वारा समय पर भुगतान करने का भी वादा था लेकिन फार्मर्ट कंपनी ने हर फसल पर हम लोगों से मेंबरशिप का नाम देकर ब्याज वसूल रहे हैं और मेरी खाद बीज की बनी केसीसी से दुकानदार खाद बीज की के सी सी से 3अलग से कटौती कर रहा है जब दुकानदार से बात की तो उसने बताया कंपनी जीसटी के नाम से कटौती करती है।सरकारी मानक से काफी अधिक 300 रूपयो से लेकर 330 रुपया तक दिया हम सब को दिया गया अच्छा बीज मिलने के हम लोगों की फसल और दैवीय आपदा के कारण काफी खराब हुई जिस कारण हम लोगों को इस वक्त बच्चों का पेट पालना और घर का चलाना बड़ा मुश्किल हो रहा है और इधर फामार्ट कंपनी के कर्मचारी कल सायं आये और वसूली के लेकर ऊट पटांग की बातें व अभद्रता करते है।माने तो फार्मर्ट कंपनी ने किसान केसीसी बनाने से पहले जो वादा किया उससे काफी विपरीत कार्य किया और हम सब अपने को इस कंपनी से ठगा महसूस कर रहे हैं।